Ubhay saptami pujan

उभय सप्तमी माघ महिने की शुक्ल पक्ष मे, चैत्र महिने के शुक्ल पक्ष मे, वैशाख, ज्येष्ठ, तथा श्रावण महिने कि सप्तमी को कहा जाता है। इस पुजन मे सुर्य भगवान का बहुत महत्व है। फल की प्राप्ती होती है। पापों से ..
SKUUSP1
Ubhay saptami pujan

Overview

उभय सप्तमी पूजन

उभय सप्तमी माघ महिने की शुक्ल पक्ष मे, चैत्र महिने के शुक्ल पक्ष मे, वैशाख, ज्येष्ठ, तथा श्रावण महिने कि सप्तमी को कहा जाता है। इस पुजन मे सुर्य भगवान का बहुत महत्व है। फल की प्राप्ती होती है। पापों से मुक्ती होती है।

दिव्ययोगशॉप के विशिष्ठ पंडित विधि-विधान से उभय सप्तमी पूजन संपन्न करते है। इसमे पृथम गणेश पूजन के साथ भगवान सुर्य की पूजा संपन्न की जाती है। तत्पश्चात उभय सप्तमी पूजन के बाद हवन संपन्न किया जाता है। इस पूजा से आरोग्य मिलता है। अशुभों को दुर करता है।

उभय सप्तमी पूजन सामग्रीः

आरती स्त्रोत बुक

उभय सप्तमी गुटिका

३ गोमती चक्र

सिद्ध सुर्य फोटो

सुर्य माला

उभय सप्तमी पूजन की संपूर्ण विधि

See puja/sadhana rules and regulation

See- about Diksha

See- success rules of sadhana

See- Mantra jaap rules

See- Protect yourself during sadhana/puja

$114.57
In stock

Customer reviews

List is empty

Customer reviews and ratings

Be the first to write a review of this product!